LPG Cylinder FIFO Rule India: गैस संकट में बड़ा बदलाव, अब नई व्यवस्था से मिलेगा LPG सिलिंडर, जाने क्या है अपडेट

LPG Cylinder FIFO Rule India: एलपीजी संकट के बीच नई व्यवस्था लागू, अब FIFO सिस्टम से सिलिंडर मिलेगा, पहले की बुकिंग पूरी होने के बाद ही नई डिलीवरी होगी, तत्काल सुविधा बंद हुई।

LPG Cylinder FIFO Rule India: गैस संकट में बड़ा बदलाव, अब नई व्यवस्था से मिलेगा LPG सिलिंडर, जाने क्या है अपडेट

LPG Cylinder FIFO Rule India: देश में LPG सिलिंडरों की किल्लत के बीच पेट्रोलियम कंपनियों ने उपभोक्ताओं के लिए नई व्यवस्था लागू कर दी है। अब सिलिंडर की आपूर्ति ‘पहले आओ, पहले पाओ’ (FIFO) सिस्टम के तहत की जाएगी। यानी पहले की गई बुकिंग का वितरण पूरा होने के बाद ही नई बुकिंग पर डिलीवरी दी जाएगी। इस फैसले के बाद तत्काल बुकिंग पर सिलिंडर मिलने की सुविधा पूरी तरह बंद कर दी गई है।

क्या है नई व्यवस्था

नई व्यवस्था के तहत गैस एजेंसियों को अब बुकिंग और डिलीवरी की तिथि अनुसार सूची अपने काउंटर पर प्रदर्शित करनी होगी, ताकि उपभोक्ताओं को पारदर्शिता के साथ जानकारी मिल सके। साथ ही एजेंसियों को अब अधिकतम डेढ़ दिन का ही स्टॉक रखने की अनुमति दी गई है, जिससे कालाबाजारी पर रोक लगाई जा सके।

पेट्रोलियम कंपनियों ने यह दिशा-निर्देश हाल ही में आयोजित एक वर्चुअल बैठक में जारी किए, जिसके बाद इसे तुरंत प्रभाव से लागू कर दिया गया। इसके अलावा, कॉमर्शियल LPG सिलिंडरों की कीमत में भी 218 रुपये की बढ़ोतरी कर दी गई है, जिससे व्यवसायिक उपयोगकर्ताओं पर अतिरिक्त बोझ बढ़ेगा।

गेहूं की कटाई में डीजल की मांग बढ़ी

इधर, गेहूं की कटाई के सीजन को देखते हुए डीजल की मांग भी बढ़ गई है। ऐसे में प्रशासन ने निर्देश दिए हैं कि जो किसान अधिक मात्रा में डीजल खरीदेंगे, उनका पूरा रिकॉर्ड पेट्रोल पंपों पर दर्ज किया जाएगा। बिना नाम, पता और मोबाइल नंबर दर्ज किए डीजल नहीं मिलेगा। यदि कोई व्यक्ति डीजल का अवैध भंडारण करता पाया गया, तो उसके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।

स्कूलों में मिड-डे मील योजना प्रभावित

इस बीच, गैस की कमी का असर शिक्षा व्यवस्था पर भी पड़ने लगा है। जिले के सरकारी और कस्तूरबा गांधी आवासीय बालिका विद्यालयों में गैस सिलिंडर की आपूर्ति बाधित होने से मिड-डे मील योजना प्रभावित हो रही है। कई स्कूलों में रसोइयों को मजबूरन पारंपरिक चूल्हों पर खाना बनाना पड़ रहा है, जिससे बच्चों के भोजन की गुणवत्ता और समय दोनों प्रभावित हो रहे हैं।

बच्चों के पोषण पर सीधा असर

शिक्षा विभाग ने इस गंभीर समस्या को देखते हुए जिला पूर्ति अधिकारी से तत्काल हस्तक्षेप की मांग की है। अधिकारियों का कहना है कि जिले में हजारों स्कूल पीएम पोषण योजना के तहत संचालित हैं और गैस आपूर्ति में बाधा बच्चों के पोषण पर सीधा असर डाल सकती है। फिलहाल, प्रशासन ने गैस एजेंसियों को निर्देश दिए हैं कि वे स्कूलों और संबंधित संस्थानों को प्राथमिकता के आधार पर सिलिंडर की आपूर्ति सुनिश्चित करें, ताकि मिड-डे मील व्यवस्था बिना किसी रुकावट के जारी रह सके।